वास्तु गाइड
हर गाइड घर के बारे में पूछे जाने वाले एक सवाल का जवाब देती है: कमरा कहां हो, दरवाजा किस दिशा में खुले, और मेल न खाए तो क्या करें।
कमरे

बेडरूम वास्तु: बेडरूम किस दिशा में होना चाहिए
परंपरा में मास्टर बेडरूम नैऋत्य कोण यानी दक्षिण-पश्चिम में अच्छा माना जाता है। बच्चों का कमरा, सोने की दिशा और शीशे की जगह भी जानें।

मुख्य द्वार वास्तु: दिशा और देखभाल
ज्यादातर ग्रंथ मुख्य द्वार के लिए उत्तर, ईशान कोण और पूर्व को अच्छा मानते हैं, पश्चिम स्वीकार्य है। दरवाजे की रोशनी और सफाई भी उतनी ही अहम है।

रसोई घर का वास्तु: किस दिशा में हो रसोई
ज्यादातर ग्रंथ रसोई को आग्नेय कोण यानी दक्षिण-पूर्व में रखने को कहते हैं, दूसरा विकल्प वायव्य है। चूल्हा, सिंक और खाना बनाने की दिशा भी जानें।

पूजा घर वास्तु: दिशा और जगह
परंपरा में पूजा घर के लिए ईशान कोण यानी उत्तर-पूर्व सबसे अच्छा माना जाता है, फिर उत्तर और पूर्व। पूजा करते समय मुंह पूर्व या उत्तर की ओर हो।

टॉयलेट वास्तु: शौचालय की सही दिशा
वास्तु शास्त्र के अनुसार शौचालय उत्तर-पश्चिम (वायव्य) में ठीक माना जाता है। ईशान कोण, नैऋत्य कोण और घर के बीच में टॉयलेट से बचा जाता है।
घर की दिशा
बुनियादी बातें और जांच

घर का वास्तु कैसे चेक करें
घर का वास्तु चेक करने के लिए नक्शे पर सही उत्तर दिशा तय करें, बीच से आठ दिशाएं बनाएं और देखें कि मुख्य द्वार, रसोई और टॉयलेट कहां आते हैं।

वास्तु दोष क्या होता है और कैसे पहचानें
वास्तु दोष का मतलब है घर में किसी कमरे या दरवाजे का पारंपरिक नियम से उलटी दिशा में होना। जानें आम दोष कैसे पहचानें और बिना तोड़फोड़ क्या करें।

बिना तोड़फोड़ वास्तु उपाय
घर का वास्तु बिना तोड़फोड़ ठीक करने के लिए चूल्हा, बेड और मंदिर की जगह बदलें, घर का बीच खाली रखें, और रोशनी, हवा व सफाई पर ध्यान दें।

वास्तु शास्त्र क्या है
वास्तु शास्त्र घर बनाने और कमरे रखने की एक पारंपरिक भारतीय पद्धति है। इसके असर आस्था का विषय हैं, वैज्ञानिक रूप से साबित नहीं।
